How to get a Back Date Degree in India (Hindi) – बैक डेट डिग्री क्या है और भारत मे इसे कैसे प्राप्त करते हैं?

शिक्षा प्राप्त करना हम सभी का अधिकार हैं, लेकिन रुचि के अनुसार शिक्षा प्राप्त की जाए तो अधिक बेहतर होता हैं। क्यों? क्योंकि कई बार ऐसे मामले देखे गये हैं जब रुचि के खिलाफ शिक्षा प्राप्त की गई और आगे जाकर जॉब प्राप्त करने में समस्या हुई। हमारे देश मे अधिकतर कम्पनिया University और Collages में किये गए बेचलर और मास्टर कोर्स या फिर डिप्लोमा आदि के आधार पर Jobs देती है। लेकिन कई कारणों की वजह से काफी सारे छात्र डिग्री प्राप्त नही कर पाते। जिससे उन्हें जॉब प्राप्त करने में दिक्कत आती हैं, अधिकतर मामलों में तो बिना डिग्री के इंटरव्यू तक मे नही घुसने दिया जाता हैं। ऐसे में लोग डिग्री प्राप्त करने के लिए कुछ गलत रास्ते अपनाते हैं और उन्ही में से एक हैं Back Date Degree!

Back Date Degree से जुड़े हुए काफी सारे मामले पिछले कुछ सालों में सामने आये हैं। Back Date Degree पूरी तरह से इलीगल होती है और इसका इस्तेमाल करने वाले अक्सर पकड़े जाते हैं। अगर आप नहीं जानते की बैक डेट डिग्री क्या हैं (What is Bavck Date Degree in Hindi) और बैक डेट डिग्री कैसे प्राप्त करते हैं (How to get a Back Date Degree in India – Hindi) तो यह लेख पूरा पढ़े। इस लेख में हम आपको Back Date Degree से संबंधित हर उस सवाल का जवाब देंगे जो आपके दिमाग मे वर्तमान में चल रहा होगा।

बैक डेट डिग्री क्या होती है? (What is Back Date Degree in Hindi)

बैक डेट डिग्री एक प्रकार की अवैध डिग्री होती हैं, जिसका उपयोग विभिन्न प्रकार की जॉब्स के लिए Education Qualification Criteria को फुलफिल करने के लिए किया जाता हैं जिससे कि जॉब्स प्राप्त की जा सके। इस तरह की Degrees को बिना कोर्स किये छात्र प्राप्त कर सकते हैं। जैसा कि इसका नाम हैं, Back Date Degree, यह निकले हुए के आधार पर दी जाती हैं। उदाहरण के तौर पर अभी 2021 चल रहा हैं तो आप ऐसी बैक डेट डिग्री प्राप्त कर सके जो दर्शाती हैं कि आप 2014 या 2015 में डिग्री से सम्बंधित स्पेसिफिक कोर्स पूरा कर चुके हो। लेकिन इस प्रकार की फेक डिग्री का इस्तेमाल करने वाले कैंडिडेट्स अक्सर बैकग्राउंड वेरिफिकेशन चेक में पकड़े जाते है।

सरल भाषा मे अगर बैकडेट डिग्री को समझा जाएं तो यह कहा जा सकता हैं यह फेक और इलीगल डिग्री होती हैं जिनमे बिना कोर्स किये हुए किसी निश्चित समय मे छात्र को उस कोर्स से ग्रेजुएट दर्शाया जाता हैं। अगर आप Google या किसी Social मीडिया प्लेटफार्म पर Back Date Degree University या Back Date Degree in India सर्च करोगे तो आपको काफी सारी ऐसी फर्म मिल जाएगी, जो दावा करेगी कि वह इन स्पेसिफिक यूनिवर्सिसिज से सम्बंधित हैं और इनकी डिग्री आपको दिला सकती हैं। कई बार एक साल के कोर्स में 3 या 4 साल की डिग्री भी दी जाती हैं। BSC, BTech, BBA जैसी सभी कोर्सेज की बैकडेट डिग्री इस प्रकार की फर्म उपलब्ध करवा हैं।

अधिकतर मामलों में तो जिन यूनिवर्सिटी से संबंधित दावे किए जाते हैं, उन्हें पता भी नही रहता कि उनके नाम पर यह काम चल रहा हैं लेकिन कुछ मामलों में यूनिवर्सिटीज (प्राइवेट) और कॉलेज भी बैकडेट डिग्री कांडों से जुड़े हुए मिले हैं।

Back Dated Degrees का इस्तेमाल कैसे किया जाता हैं?

Back Date Degree का इस्तेमाल मुख्य रूप से जॉब प्राप्त करने के लिए एजुकेशन क्वालीफिकेशन क्राइटेरिया को फुलफिल करने के लिए किया जाता है। प्राइवेट जॉब्स के मामले मे जब किसी स्पेसिफिक डिग्री जैसे कि BBA या BCA आदि की जरूरत होती हैं तब कैंडिडेट्स Graduation Degree in Backdate जैसे रास्ते चुनते है। मुख्य रूप से जॉब प्राप्त करने के लिए ही बैक डेट डिग्री का इस्तेमाल किया जाता है। इसका एक अच्छा उदाहरण यह हो सकता है कि अगर आपको साल 2021 में एग्रीकल्चर से सम्बंधित कोई नौकरी चाहिए तो आप सकते लिए किसी यूनिवर्सिटी या फर्म से 2010 की MA Agriculture की डिग्री प्राप्त कर सकते हो, यह डिग्री एक तरह से साबित करेगी कि आप इस नौकरी के योग्य हो क्योंकि आपने एग्रीकल्चर कोर्स किया है।

क्या Back Date Degree लीगल होती हैं? Is Graduation Degree in Back Date Legal

अगर आप Back Date Degree in India प्राप्त करने की सोच रहे हो तो आपके दिमाग मे इससे सम्बन्धित काफी सारे सवाल घूम रहे होंगे और उन्ही में से एक यह भी होगा कि क्या ब्लैक डेट डिग्री लीगल हैं? दरअसल आप जब बैक डेट डिग्री से सम्बंधित एडवरटाइजमेंट देखोगे तो आपको ऐसा लगेगा कि यह लीगल होती है और यूनिवर्सिटीज खुद इसे प्रोवाइड करवाती हैं। लेकिन असलियत में बैक डेट डिग्री पूरी तरह से इलीगल होती हैं। हो सकता हैं कि बैक डेट डिग्री प्राप्त करके आपका काम बन जाये लेकिन इसका मतलब यह नही की यह लीगल हो जाएगी। ब्लैक डेट डिग्री जैसे मामलों में अक्सर कैंडिडेट्स पकड़े जाते हैं। कई बार कुछ प्राइवेट यूनिवर्सिटी भी बैकडेट डिग्री के मामलों में फंसी हैं जिसके लिये उन्हें अच्छा खासा जुर्माना भरना पड़ा हैं। अर्थात यह पूरी तरह से इलीगल हैं और ऐसी डिग्री बनवाकर उसका इस्तेमाल करने पर आपको जेल जाना पड़ सकता है या फिर भारी भरकम जुर्माना भरना पड़ सकता हैं।

भारत मे बैक डेट डिग्री कैसे प्राप्त करे? How to get Graduation Black Date Degree in India

अगर आप भारत में बैक डेट डिग्री प्राप्त करने की सोच रहे हैं तो सबसे पहले आपको यह बता दे कि यह पूरी तरह से ईलीगल होता है और बैक डेट डिग्री प्राप्त करके उसका इस्तेमाल करने के लिए आपको कानूनी तौर पर सजा दी जा सकती है। लेकिन अगर आप फिर भी बैक डेट डिग्री प्राप्त करना चाहते हो तो इसके लिए आपको बैक डेट डिग्री प्रोवाइड करने वाली किसी फर्म से कांटेक्ट करना होगा। वैसे तो न्यूज़ पेपर्स में भी इस प्रकार की फर्मे अक्सर एडवर्टाइजमेंट डालती रहती है लेकिन अगर आप आसानी से फर्म ढूंढना चाहते हैं तो इसके लिए गूगल या फिर किसी भी सोशल मीडिया वेबसाइट पर जाकर सर्च कर सकते हैं।

आपको ऐसे काफी सारे Pages, Account और Website मिल जाएगी जो बैकडेट डिग्री बनाकर देती हैं। इस प्रकार की फर्म आर्डर के अनुसार काम करती हैं। कुछ तुरन्त काम करती हैं तो कुछ एक साल में 3-4 साल की ग्रेजुएशन की डिग्री देती है। मुख्य रूप से बैक डेट डिग्री के लिए जो फीस ली जाती हैं, वह कोर्स के लिए ली जाने वाली फीस से कम होती हैं। लेकिन कई मामलों में अपवाद देखे जा सकते हैं, जब किसी प्रोफेशनल कोर्स की बैक डेट डिग्री के लिए कोर्स से भी ज्यादा पैसे चुकाने पड़े। इस प्रकार की फर्म को आप आर्डर देकर बैक डेट डिग्री प्राप्त कर सकते हो।

बैक डेट डिग्री के लिए कितनी फीस लगती हैं? How much a Back Date Degree Cost in Hindi

इस बात में कोई दो राय नहीं हैं कि भारत मे पिछले कुछ सालों में बैक डेट डिग्री का कारोबार वाकई में काफी ज्यादा बढ़ गया है लेकिन एक राहत की बात यह भी है कि इस प्रकार के फर्जी कामों को लेकर अब पुलिस और साइबर क्राइम ब्रांच दोनों में काफी सतर्कता देखी जा रही हैं। लेकिन अब भी काफी जोरों शोरों से ऐसे काम हो रहे हैं और सोशल मीडिया पर सरेआम इस तरह की फर्मे चलाई जा रही है। बैक डेट डिग्री की कीमत वैसे तो पूरी तरह से आपकी डिग्री और आप जिस फर्म से डिग्री ले रहे हो उस पर निर्भर करती है, लेकिन रिपोर्ट के अनुसार बैक डेट डिग्री के लिए 25000 रुपये से लेकर 5 लाख रुपये तक फीस चुकानी पड़ सकती है।

बैक डेट डिग्री के फायदे क्या है? What are the benefits of Back Date Degree Graduation

अगर बैक डेट डिग्री से संबंधित फायदों की बात की जाए तो वह कुछ इस प्रकार है:

• कम समय में ग्रेजुएशन या फिर मास्टर कोर्स की डिग्री मिल जाती है।
• किसी जॉब से संबंधित स्पेसिफिक एजुकेशन क्वालीफिकेशन क्राइटेरिया को फुलफिल किया जा सकता है।
• बिना कोर्स किये साबित किया जा सकता है कि कोर्स किया हुआ है।
• अधिक प्रतिशत वाली डिग्री लेकर नौकरी आसानी से प्राप्त की जा सकती है।
• ग्रेजुएशन में लगने वाली फीस के मुकाबले काफी कम फीस में डिग्री मिल जाती है।

बैक डेट डिग्री के नुकसान क्या है? What are the disadvantages of Back Date Degree

इस बात में कोई दो राय नहीं है कि बैक डेट डिग्री के जितने फायदे हैं उससे कही ज्यादा नुकसान भी हैं, जो कुछ इस प्रकार हैं:

• यह पूरी तरह से इलीगल होती हैं।
• बैक डेट डिग्री बनवाने और इसका उपयोग करने में अगर आप पकड़े जाते हो तो आप को जेल जाना पड़ सकता है या भारी-भरकम जुर्माना भरना पड़ सकता है।
• किसी विशेष यूनिवर्सिटी के द्वारा बैक डेट डिग्री दिलवाने के नाम पर आपको ठगा भी जा सकता है।
• आज के समय में लगभग 90% तक रिक्रूटर के द्वारा डिग्री की वेरिफिकेशन की जाती है जिसमें यह पता लग जाता है कि डिग्री असली है या नकली।
• अगर केवल जॉब प्राप्त करने के लिए डिग्री ली जा रही है तो अधिकतर मामलों में इंटरव्यू आदि में कोर्स से संबंधित सवाल पूछे जा सकते हैं जो न आने पर डिग्री के कोई मायने नही रहेंगे क्योंकि आपको नौकरी तो मिलेगी नहीं, बस आपका पैसा खर्च होगा।
• कई बार बैक डेट डिग्री बनवाना काफी ज्यादा खर्चीला साबित हो सकता हैं।

क्या बैक डेट डिग्री लेना सुरक्षित हैं? Is it safe to get a Back Date Degree in India

जैसा कि हमने आपको बताया कि बैक डेट डिग्री लेना और इसका इस्तेमाल करना भारत में पूरी तरह से ईलीगल है। कुछ लोगों को लगता है कि किसी स्पेसिफिक यूनिवर्सिटी या शिक्षण संस्थान से बैक डेट डिग्री प्राप्त करना सुरक्षित होता है लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है क्योंकि बिना परिश्रम के बेहतर परिणाम नहीं मिलते और मिलते भी हैं तो उनके काफी सारे साइड इफेक्ट भी होते हैं। जैसा कि हमने आपको बताया कि अधिकतर रिक्रूटर डिग्री का बैक वेरीफिकेशन प्रोसेस करते हैं, फिर बात सर्रकारी नौकरी की हो या फिर प्राइवेट नौकरी की। बैक वेरीफिकेशन प्रोसेस में पता लग जाता है कि डिग्री नकली है। इसके अलावा कई बार कई अन्य वजहों से भी बैक डेट डिग्री होल्डर का पर्दाफाश हो जाती हैं। ऐसे में हमारे देश में जहां तेजी से इस प्रकार के क्राइम्स को लेकर कानून सख्त हो रहे हैं, बैक डेट डिग्री लेना बिलकुल सुरक्षित नहीं है।

Note/Disclaimer : बैक डेट डिग्री पूरी तरह से इलीगल होती है और इसे प्राप्त करने की कोशिश करना भी गलत होता। अगर आप इस प्रकार की फर्जी डिग्री का इस्तेमाल करते हुए पकड़े जाते हो तो आपको भारी भरकम जुर्माना भरना पड़ सकता है और हो सकता है कि आपको जेल की हो जाए। हम आपको यही सलाह देंगे कि इस प्रकार के कामों से दूर रहें। हमारे द्वारा इस लेख को लिखने का मकसद भी यही हैं की लोगों को बैक डेट डिग्री के बारे में बताया जा सके और इससे दूर रहने के लिए सचेत किया जा सके जिससे कि वह ठगाई से बच जाए।